कटिहार में बेमौसम आंधी-ओलावृष्टि से फसलों को भारी नुकसान, कांग्रेस ने DM को सौंपा ज्ञापन, मुआवजे की मांग
पूर्णिया। कटिहार जिले में बेमौसम आई तेज आंधी, मूसलाधार बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों की मेहनत को पूरी तरह बर्बाद कर दिया। मक्का, गेहूं और केला की खड़ी फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है, जबकि आम-लीची के बौर भी झड़ गए। हजारों किसान इस प्राकृतिक आपदा से गहरे संकट में फंस गए हैं।
जिला कांग्रेस कमिटी के अध्यक्ष सुनील कुमार यादव ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए कटिहार जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन में उन्होंने रबी फसलों को हुए व्यापक नुकसान का जिक्र करते हुए तत्काल राहत की मांग की है।
कांग्रेस अध्यक्ष ने मांग की है कि प्रभावित क्षेत्रों का शीघ्र सर्वेक्षण कराया जाए, फसल बीमा के तहत उचित क्षतिपूर्ति सुनिश्चित की जाए और राज्य सरकार को रिपोर्ट भेजकर किसानों को जल्द से जल्द मुआवजा दिलवाया जाए।
सुनील कुमार यादव ने कहा कि किसान पहले से ही कर्ज के बोझ तले दबे हुए हैं। इस आपदा ने उनकी आर्थिक स्थिति को और बदतर बना दिया है। उन्होंने जिलाधिकारी से अपील की कि वे किसानों की आवाज बनकर प्रशासनिक स्तर पर त्वरित कार्रवाई करें और राहत कार्यों में तेजी लाएं।
स्थानीय किसानों ने बताया कि फसलें कटाई के बिल्कुल तैयार थीं, लेकिन एक रात की आंधी-बारिश और ओले ने सब कुछ छीन लिया। जिले के अधिकांश प्रखंडों में मक्का और गेहूं की फसलें पूरी तरह जमींदोज हो गई हैं। अनुमानित नुकसान 15 से 20 करोड़ रुपये तक बताया जा रहा है।
बिहार सरकार ने राज्य स्तर पर फसल नुकसान का आकलन शुरू कर दिया है और कृषि मंत्री ने प्रभावित जिलों में सर्वेक्षण के आदेश दे दिए हैं। कांग्रेस कमिटी ने चेतावनी दी है कि यदि किसानों को समय पर राहत नहीं मिली तो आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा।

