कटिहार में बड़ी कार्रवाई: बारसोई बीडीओ हरिओम शरण निलंबित, निर्वाचन कार्यों में दुष्प्रचार का आरोप
कटिहार, 16 जुलाई 2025: कटिहार जिले के बारसोई प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) हरिओम शरण को जिला प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। उन पर विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) कार्य के दौरान समाचार पत्रों और सोशल मीडिया के माध्यम से निर्वाचन कार्यों को लेकर दुष्प्रचार करने का आरोप है। इस कार्रवाई की पुष्टि जिला सूचना एवं जनसंपर्क कार्यालय, कटिहार द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति में की गई है।
जिलाधिकारी मनेश कुमार मीणा ने बीडीओ को कारण बताओ नोटिस जारी किया था, जिसका जवाब असंतोषजनक पाए जाने के बाद निलंबन का आदेश दिया गया। प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, निर्वाचक सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण का कार्य 25 जून 2025 से चल रहा है, जिसमें अब तक 83% फॉर्म जमा और 65.67% डाटा अपलोड हो चुका है। सभी बीएलओ को शेष कार्य 26 जुलाई तक पूरा करने का निर्देश दिया गया है।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया कि हरिओम शरण द्वारा पुनरीक्षण कार्य को लेकर गलत जानकारी फैलाने और निर्वाचन प्रक्रिया को बदनाम करने की कोशिश की गई, जो लोक सेवक के आचरण के खिलाफ है। इसके चलते उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई शुरू की गई है। साथ ही, सभी संबंधित पदाधिकारियों को भारत निर्वाचन आयोग के नियमों का पालन करते हुए कार्य समय पर पूरा करने और किसी भी लापरवाही पर लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1950 की धारा 32 के तहत एफआईआर दर्ज करने की चेतावनी दी गई है।
इस मामले ने स्थानीय स्तर पर हलचल मचा दी है। इससे पहले, हरिओम शरण ने 12 जुलाई को अनुमंडल पदाधिकारी (एसडीओ) श्वेतम दीक्षित पर मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगाते हुए इस्तीफा देने की पेशकश की थी, जिसे नामंजूर कर दिया गया था। एसडीओ ने इन आरोपों को निराधार बताया है। इस घटना ने बिहार के प्रशासनिक और राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बना दिया है, विशेषकर क्योंकि एसडीओ जदयू विधायक विजय सिंह के दामाद हैं।

